Poems For Kids

Poetry for children: Our large assortment of poems for children include evergreen classics as well as new poems on a variety of themes. You will find original juvenile poetry about trees, animals, parties, school, friendship and many more subjects. We have short poems, long poems, funny poems, inspirational poems, poems about environment, poems you can recite

दीप जलाओ दीप जलाओ आज दिवाली रे: कविता

Diwali Festival Hindi Bal Kavita दीप जलाओ दीप जलाओ आज दिवाली रे

दीप जलाओ दीप जलाओ आज दिवाली रे: दिवाली भारतीयों के लिए एक बहुत ही महत्वपूर्ण त्योहार है और हमारे लिए लगभग कोई भी त्योहार आतिशबाजी के बिना पूरा नही माना जाता है। लोग पटाखों और आतिशबाजी को लेकर इतने उत्सुक होते हैं कि वह दिवाली के एक दिन पहले से ही पटाखे फोड़ना शुरु कर देते हैं और कई बार …

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दिवाली रोज़ मनाएं: दीपावली पर छोटी कविता

दिवाली रोज़ मनाएं - संदीप फाफरिया ‘सृजन’

दिवाली रोज़ मनाएं: भारत में यह त्योहार पांच दिनों तक मनाया जाता है। धनतेरस से भाई दूज तक यह त्योहार चलता है। धनतेरस के दिन व्यापार अपने बहीखाते नए बनाते हैं। अगले दिन नरक चौदस के दिन सूर्योदय से पूर्व स्नान करना अच्‍छा माना जाता है। अमावस्या के दिन लक्ष्मीजी की पूजा की जाती है। खील-बताशे का प्रसाद चढ़ाया जाता …

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आई अब की साल दिवाली: कैफ़ी आज़मी

आई अब की साल दिवाली मुँह पर अपने खून मले - कैफ़ी आज़मी

आई अब की साल दिवाली: कैफ़ी आज़मी (असली नाम: अख्तर हुसैन रिजवी) उर्दू के एक अज़ीम शायर थे। उन्होंने हिन्दी फिल्मों के लिए भी कई प्रसिद्ध गीत व ग़ज़लें भी लिखीं, जिनमें देशभक्ति का अमर गीत – “कर चले हम फिदा, जान-ओ-तन साथियों” भी शामिल है। कैफी का असली नाम अख्तर हुसैन रिजवी था। उत्तरप्रदेश के आजमगढ़ जिले के छोटे …

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मां के हाथ का खाना: हिंदी बाल-कविता माँ के खाने के बारे में

मां के हाथ का खाना: हिंदी बाल-कविता माँ के खाने के बारे में

मां के हाथ का खाना कितना स्वादिष्ट होता है, यह तो हम सभी जानते हैंं। हर कोई अपने मां के हाथ के खाने का स्वाद कभी भी नहीं भुलता है। मां अपने खाने में प्यार डालती है, यही प्यार खाने को सबसे ज्यादा स्वादिष्ट बनाता है। मां को अच्छी तरह से पता रहता है की उसके बच्चे को किस तरह …

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क्या दिक्कत है? हिन्दी भाषा को अपने रोज़मर्रा के जीवन में इस्तेमाल करें

क्या दिक्कत है? हिन्दी भाषा को अपने रोज़मर्रा के जीवन में इस्तेमाल करें

क्या दिक्कत है? क्या आप जानते हैं कि कुछ ऐसे हिंदी शब्द हैं जो आज बहुत अच्छी तरह अंग्रेजी भाषा का हिस्सा बन चुके हैं? इस लेख में ऐसे 10 चर्चित हिंदी शब्दों पर चर्चा करने जा रहे हैं जो अंग्रेजी शब्दकोश में खूब उपयोग किए जाते हैं। हाल ही में पूरे देश में हिंदी दिवस मनाया और हिंदी को …

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सर्प क्यों इतने चकित हो: प्रसून जोशी की मोदी जी के बारे में नयी कविता

सर्प क्यों इतने चकित हो: प्रसुन जोशी

सर्प क्यों इतने चकित हो: Here is a nice poem by Prasoon Joshi. The poem is a metaphor for a person who repeated face severe adversities and comes out a winner. Prasoon Joshi recently read this poem for Prime Minister Narendra Modi in London. सर्प क्यों इतने चकित हो: प्रसून जोशी सर्प क्यों इतने चकित हो दंश का अभ्यस्त हूं पी …

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Thank You Poem For Teachers: I Want To Be Like You

Thank You Poem For Teachers: I Want To Be Like You

To mark the birth anniversary of the second president of India, Sarvepalli Radhakrishnan, the country celebrate September 5 as Teachers Day. At his tenure during President of India (1962-67), his students and friends wanted to him to celebrate his birthday. Known for his humble nature, he requested, “Instead of celebrating my birthday, it would be my proud privilege if September …

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मेरो तो गिरधर गोपाल: मीरा की कृष्ण भक्ति – Mirabai Devotional Bhajan

Mirabai Devotional Hindi Bhajan मेरो तो गिरधर गोपाल: मीरा की कृष्ण भक्ति

मेरो तो गिरधर गोपाल: जोधपुर के राठौड़ रतन सिंह की इकलौती पुत्री मीराबाई का मन बचपन से ही कृष्ण-भक्ति में रम गया था। मीराबाई के बालमन से ही कृष्ण की छवि बसी थी इसलिए यौवन से लेकर मृत्यु तक उन्होंने कृष्ण को ही अपना सब कुछ माना। उनका कृष्ण प्रेम बचपन की एक घटना की वजह से अपने चरम पर …

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बड़ा नटखट है रे कृष्ण कन्हैया: आनंद बक्षी का मदर्स डे स्पेशल गाना

बड़ा नटखट है रे कृष्ण कन्हैया - आनंद बक्षी Mothers Day Filmi Song

बड़ा नटखट है रे कृष्ण कन्हैया: Amar Prem is a 1972 Indian drama film directed by Shakti Samanta, based on a Bengali short story Hinger Kochuri by Bibhutibhushan Bandopadhyay about a school boy, who is ill-treated by his step mother, and becomes friends with a prostitute neighbour. The film stars Sharmila Tagore playing a prostitute with a heart of gold, …

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