Short Hindi Poetry About Class Teacher शिक्षक

शिक्षक – विनीता सैमुअल

जीवन में जो राह दिखाए,
सही तरह चलना सिखाए।
मात-पिता से पहले आता,
जीवन में सदा आदर पाता।

सबको मान प्रतिष्ठा जिससे,
सीखी कर्तव्यनिष्ठा।
कभी रहा न दूर मैं जिससे,
वह मेरा पथदर्शक है जो।
मेरे मन को भाता,
वह मेरा शिक्षक कहलाता।

कभी है शांत, कभी है धीर,
स्वभाव में सदा गंभीर,
मन में दबी रहे ये इच्छा,
काश मैं उस जैसा बन पाता,
जो मेरा शिक्षक कहलाता।

विनीता सैमुअल [Hindi Teacher at of St. Gregorios School, Gregorios Nagar, Sector 11, Dwarka, New Delhi]

आपको “विनीता सैमुअल” जी की यह कविता “शिक्षक” कैसी लगी – आप से अनुरोध है की अपने विचार comments के जरिये प्रस्तुत करें। अगर आप को यह कविता अच्छी लगी है तो Share या Like अवश्य करें।

यदि आपके पास Hindi / English में कोई poem, article, story या जानकारी है जो आप हमारे साथ share करना चाहते हैं तो कृपया उसे अपनी फोटो के साथ E-mail करें। हमारी Id है: submission@4to40.com. पसंद आने पर हम उसे आपके नाम और फोटो के साथ यहाँ publish करेंगे। धन्यवाद!

Check Also

World Organ Donation Day Information

World Organ Donation Day Information

World Organ Donation Day in India is celebrated on 13th of August every year by …