Tag Archives: Sacrifice folktales in Hindi

परशुराम की रोचक कहानियाँ: Amazing Story of Parshuram

परशुराम की रोचक कहानियाँ: Amazing Story of Parshuram

परशुराम की रोचक कहानियाँ: परशुराम का जन्म त्रेता युग में रामायण काल में हुआ था। वह एक ब्राह्मण थे। उनको विष्णु का छठा अवतार भी कहा जाता है। भृगुश्रेष्ठ महर्षि जमदग्नि द्वारा पुत्र पुत्रेष्टि यज्ञ करने पर देवराज इंद्र ने पुत्र होने का वरदान दिया था। उसी के फलस्वरूप परशुराम ने अपनी माता रेणुका के गर्भ से वैशाख की शुक्ल …

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डाकू रत्नाकर कैसे बने रामायण के रचनाकार महर्षि वाल्मीकि

Valmiki's journey from a robber to a sage

रामायण के रचनाकार महर्षि वाल्मीकि का जन्मदिवस हर साल आश्विन मास की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है। साल 2025 में वाल्मीकि जयंती 07 अक्टूबर दिन मंगलवार को मनाया जा रहा है। इस दिन शरद पूर्णिमा का त्योहार भी मनाया जाता है, जो देवी लक्ष्मी का भी प्राकट्य दिवस है। डाकू रत्नाकर कैसे बने रामायण के रचनाकार महर्षि वाल्मीकि महर्षि …

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छोटे साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह व बाबा फतेह सिंह

छोटे साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह व बाबा फतेह सिंह

छोटे साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह व बाबा फतेह सिंह: सरसा नदी पर जब श्री गुरु गोबिन्द सिंह जी से छोटे साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह तथा बाबा फतेह सिंह और माता गुजरी जी बिछुड़ गए तो उनको गुरु घर का रसोइया गंगू अपने गांव सहेड़ी ले आया। वहां से उसने मुखबरी करते हुए साहिबजादों और माता गुजरी जी को गिरफ्तार करवा …

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शिलाद पत्नी दुर्गावती: वीर राजपूत नारी की लोक कथा

शिलाद पत्नी दुर्गावती

शिलाद पत्नी दुर्गावती: ‘हम लोगों ने खुन की नदी बहा दी थी, महाराज!’ खिन्न सैनिक ने कहा। ‘पर महाराज को बहादुरशाह के क्रूर सैनिकों ने बंदी बना लिया।’ सैनिक ने सिर निचा कर लिया। शिलाद पत्नी दुर्गावती: वीर राजपूत नारी की लोक कथा ‘बहादुरशाह तो हुमायूँ का एक छोटा सरदार है’ राय ने दुर्ग की अधिपति शिलाद के छोटे भाई …

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बीकानेर की वीरांगना: वीर राजपूत नारी की लोक कथा

बीकानेर की वीरांगना: वीर राजपूत नारी की लोक कथा

बीकानेर की वीरांगना: अपने सतीत्व और पतिव्रता – धर्म की रक्षा करना ही भारतीय स्त्रियों के जीवन का एक अनुपम और पवित्र आदर्श रहा है। उनके सतीत्व के वज्राघात से बड़े-बड़े साम्राज्यों की नींव हिल उठी, राजमुकुट धूलि में लोटने लगे, मानव – वेषधारी दानवों की दानवता और व्यभिचारमूल्क अत्याचार का अन्त हो गया। किरण देवी या राजरानी किरण देवी …

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रूपनगढ़ की राजकुमारी: वीर राजपूत नारी की लोक कथा

रूपनगढ़ की राजकुमारी - वीर राजपूत नारी की लोक कथा

रूपनगढ़ की राजकुमारी: वीर राजपूत नारी की लोक कथा – ‘अपनी कन्या को शाही बेगम बनने के लिये तुरंत दिल्ली भेज दो!’ औरंगजेब के इस संदेश के साथ दिल्ली से एक सेना भी रूपनगढ़ के राजा विक्रम सोलंकी के पास पहुँची। अनेक राजपूत नरेशों ने अपनी कन्याएँ दिल्ली को भेज दी थीं। विरोध करने में केवल सर्वनाश ही था। कोई …

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गुरु अर्जुन देव जी: मानवता के सच्चे सेवक

गुरु अर्जुन देव जी: मानवता के सच्चे सेवक

श्री गुरु अर्जुन देव जी ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का सम्पादन भाई गुरदास जी की सहायता से किया और रागों के आधार पर गुरुग्रंथ साहिब जी में संकलित बाणियों का जो वर्गीकरण किया है, उसकी मिसाल मध्यकालीन धार्मिक ग्रंथों में दुर्लभ है। सिख धर्म में सबसे पहला बलिदान शांति के पुंज और शहीदों के सरताज पांचवें गुरु श्री …

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वीर राजपूत नारी कृष्णा की लोक कथा

कृष्णा – वीर राजपूत नारी की लोक कथा

मेवाड़ के महाराजा भीमसिंह की पुत्री कृष्णा अत्यन्त सुन्दरी थी। उससे विवाह करने के लिये अनेक वीर राजपूत उत्सुक थे। जयपुर और जोधपुर के नरेशों ने उससे विवाह करने की इच्छा प्रकट की थी। मेवाड़ के महाराणा ने सब बातों को विचार करके जोधपुर नरेश के यहाँ अपनी पुत्री की सगाई भेजी। जब जयपुर के नरेश को इस बात का …

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