Home » Poems For Kids » Poems In Hindi » होली का गहराता रंग
होली का गहराता रंग

होली का गहराता रंग

होली पर देवर ने भाभी को

रंग के साथ गुलाल भी लगाया

मन भर कर भिगोया

पूरे घर में दौड़ाया

देवर के गालों पर

भाभी का ऐसा रंग चढ़ा

जितना धोया और छुड़ाया

वो उतना गहराया और बढ़ा

~ Anonymous

आपको यह कविता कैसी लगी – आप से अनुरोध है की अपने विचार comments के जरिये प्रस्तुत करें। अगर आप को यह कविता अच्छी लगी है तो Share या Like अवश्य करें।

यदि आपके पास Hindi / English में कोई poem, article, story या जानकारी है जो आप हमारे साथ share करना चाहते हैं तो कृपया उसे अपनी फोटो के साथ E-mail करें। हमारी Id है: submission@4to40.com. पसंद आने पर हम उसे आपके नाम और फोटो के साथ यहाँ publish करेंगे। धन्यवाद!

Check Also

Longest Love Poem

Longest Love Poem

Banská Štiavnica, Slovakia – April 23, 2017 – “Marína” is a great work of a …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *