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अपना घर

Our Home - Poemआओ तुमको दिखलाता हूँ,
एक जगह मै ऐसे।

नहीं दूसरी दुनिया में,
कोई भी उसके जैसी।

यह हैं मेरे मम्मी-पापा
यह है मेरा भैया।

नाच रही वो छोटी बहना,
करके ता-ता थैया।

यह सारी दुनिया अच्छी है,
अच्छे हैं सब गॉव-शहर।

लेकिन सबसे प्यारा लगता,
सबको अपना-अपना घर।

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