Tag Archives: Top 10 Kids Stories in Hindi

गोलू और मोबाइल: परिवार में मोबाइल की खलल

गोलू और मोबाइल: पारिवारिक जीवन में मोबाइल की खलल

गोलू और मोबाइल: मंजरी शुक्ला – आज इतवार है और ख़ुशी के मारे गोलू सारे घर में इधर से उधर कूद रहा है। आज पापा ने उसके साथ चिड़ियाघर जाने का वादा जो किया है। तभी उसे अपने भैया की आवाज़ सुनाई दी। “गोलू, जल्दी से बाहर आओ तुम्हारा दोस्त पिंटू आया है”। पिंटू का नाम सुनते ही गोलू कमरे के …

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राखी का त्यौहार और चश्में वाली पतंग: हास्यप्रद कहानी

राखी का त्यौहार और चश्में वाली पतंग

राखी का त्यौहार: अपने भाई की कलाई पर राखी बांधने के लिये हर बहन रक्षा बंधन के दिन का इंतजार करती है। वैसे ही भाई भी बहन की राखी का बेसब्री से इंतज़ार करता है। यह त्यौहार बहन-भाई के प्यार का पर्याय बन चुका है, कहा जा सकता है कि यह भाई-बहन के पवित्र रिश्ते को और गहरा करने वाला पर्व …

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चिंकी का जंगल: खुराफाती गिलहरी की प्रेरणादायक कहानी

खुराफाती गिलहरी की प्रेरणादायक कहानी

चिंकी गिलहरी बहुत शैतान थी। कभी वह पलटू खरगोश की गाजर कुतर कर फेंक देती तो कभी नन्हू कछुहे के ऊपर बैठकर जंगल की सैर कर आती। एक बार तो उसने निफ़्टी गौरैया से शर्त लगाते हुए, जंगल के राजा शेरसिंह की पूँछ ही कुतर दी थी, जब वह झपकी ले रहा था। निफ़्टी को शर्त हारने के कारण कई …

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पढ़ाकू शेर: एक तोतले शेर की कहानी जो पढना चाहता है

पढ़ाकू शेर: एक तोतले शेर की कहानी जो पढना चाहता है

पढ़ाकू शेर: लेखिका ‘मंजरी शुक्ला’ चिड़ियाघर घूमते-घामते अचानक बबलू का सामना शेर से हो जाता है। डर के मारे बबलू के हाथ पैर काँपने लगते है। शेर हँसते हुए बोला – “डलो मत, मै सिर्फ़ तमातल और दाजल थाता हूँ”। “तुम… तुम तो तोतले हो!” बबलू ने आश्चर्य से कहा। “हाँ… थई पहचाना” शेर ने जवाब दिया। “मै परना चाहता …

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सूरज की सर्दी: मंजरी शुक्ला की बच्चों के लिए कहानी

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चारों ओर धुंध छाई हुई थी लोग आश्चर्य कर रहे थे कि सूरज क्यों नहीं निकला। पर बेचारा सूरज निकलता भी तो कैसे… वह तो आसमान में उकड़ूँ बैठा ठंड से काँप रहा था। सुबह से ही सूरज को बहुत ठंड लग रही थी। पर सूरज को इस तरह सर्दी में काँपते देख चाँद बहुत खुश था क्योंकि चाँद को …

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अप्रैल फूल: मूर्ख दिवस की रोचक बाल-कहानी

अप्रैल फूल - डॉ. मंजरी शुक्ला

आज शैतान मोंटू बन्दर को सुबह से ही बहुत मजा आ रहा था। आखिर 1 अप्रैल जो आने वाला था। वह हर साल इस दिन का बेसब्री से इंतज़ार करता था। आखिर इस दिन लोगों को मूर्ख बनाने में कोई ज्यादा डांट भी नहीं पड़ती थी, वरना वो तो पूरे साल किसी ना किसी को तंग करने के चक्कर में हमेशा …

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नन्हे दोस्त: पक्षियों के लिए दाना-पानी की बाल-कहानी

नन्हे दोस्त: पक्षियों के लिए दाना-पानी की बाल-कहानी

“पूरी कॉलोनी में बस एक यही पेड़ बचा है हमारे लिए” नीतू गौरिया ने चुलबुल तोते से कहा। “मुझे तो समझ ही नहीं आ रहा है कि सब लोग पेड़ कटवा क्यों रहे है” चुलबुल ने दुखी होते हुए कहा। “अरे, तुम दोनों कहाँ चले गए थे?” पेड़ के झुरमुट से टिन्नू गिलहरी की आवाज़ आई। नीतू चहकते हुए बोली …

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गब्बू का हैप्पी न्यू ईयर: नव वर्ष के उपलक्ष में हिंदी कहानी

गब्बू का हैप्पी न्यू ईयर: नव वर्ष के उपलक्ष में हिंदी कहानी

गब्बू भालू बेच तो गुब्बारे रहा था पर उसका पूरा ध्यान, पेड़ पर लगे शहद के छत्ते पर था। मधुमक्खियाँ भी कम शैतान नहीं थी। वे भी अपने छत्ते में आराम से बैठकर गब्बू को देख रही थी और हँस रही थी। उन्होंने टॉमी कुत्ते को थोड़ा सा शहद देकर अपनी तरफ़ मिला लिया था। टॉमी को शहद इतना पसँद …

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जानवरों की हास्यप्रद बाल-कहानी: अप्पू की पेंटिंग

अप्पू की पेंटिंग: जंगल के जानवरों की हास्यप्रद बाल-कहानी

अप्पू हाथी पूरे जंगल में अपना स्टूल लिए घूम रहा था पर मोंटू बन्दर उसे कहीं भी नज़र नहीं आ रहा था। थक हार कर अप्पू एक आम के पेड़ के तने से टिककर बैठ गया। अप्पू के बैठते ही पेड़ इतनी जोर से हिला कि हीरु तोते के हाथ से पका हुआ आम छूटकर सीधे अप्पू के सिर पर …

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होली स्पेशल बाल कहानी: राजा की होली केक के संग

होली स्पेशल: राजा की होली केक के संग

मिट्टी की सोंधी महक के साथ ही ताजे केक की सुगंध हवेली के चारों ओर फ़ैल चुकी थी। पुरानी सी हलके पीले रंग की हवेली, जो अब तक गुमनाम पड़ी हुई थी आजकल “केक वाली हवेली” के नाम से जानी जाती थी। “केक वाली हवेली” का नाम गाँव वालों का ही दिया हुआ था क्योंकि उस हवेली को दूर से …

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