Tag Archives: Kids Poems for Students

हिंदी दिवस Short Poem on Hindi Divas

हिंदी दिवस Short Poem on Hindi Divas

हर साल 14 सितंबर को हिंदी दिवस मनाया जाता है। ऐसा इसलिए है क्योंकि इस दिन भारत की संविधान सभा ने देवनागरी लिपि में लिखी गई हिंदू भाषा को भारत गणराज्य की आधिकारिक भाषा घोषित किया था। भारत की संविधान सभा ने 14 सितंबर 1949 को भारत गणराज्य की आधिकारिक भाषा के रूप में हिंदी को अपनाया। हालांकि इसे 26 …

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भारत महिमा: जयशंकर प्रसाद – भारतवर्ष का गुणगान

भारत महिमा - जयशंकर प्रसाद

जयशंकर प्रसाद (जन्म: 30 जनवरी, 1889, वाराणसी, उत्तर प्रदेश – मृत्यु: 15 नवम्बर, 1937) हिन्दी नाट्य जगत् और कथा साहित्य में एक विशिष्ट स्थान रखते हैं। कथा साहित्य के क्षेत्र में भी उनकी देन महत्त्वपूर्ण है। भावना-प्रधान कहानी लिखने वालों में जयशंकर प्रसाद अनुपम थे। Here is an excerpt from an old classic poem by Jaishankar Prasad. The beautiful rhythm, …

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शत् शत् नमन: उर्मिलेश की देश भक्ति कविता

शत् शत् नमन: उर्मिलेश की देश भक्ति कविता

भारत की आजादी की लड़ाई में यूं तो लाखों-करोड़ों हिंदुस्तानियों ने भाग लिया लेकिन कुछ ऐसे सपूत भी थे जो इस आजादी की लड़ाई के प्रतीक बनकर उभरे। राष्ट्रधर्म की खातिर क्रांति की पहली गोली चलाने वाले को भले ही तोपों से उड़ा दिया गया लेकिन जो चिंगारी उन्होंने लगाई उस आग में तपकर निकले स्वाधीनता सेनानियों ने अपने अहिंसक …

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अपना घर है सबसे प्यारा: प्रेरणादायक बाल-कविता

अपना घर है सबसे प्यारा

Here is a little poem that my mother taught us kids. I do not know who wrote this poem, but it has a lot of truth in it! चिड़ियाँ के थे बच्चे चार निकले घर से पंख पसार पूरब से पश्चिम को आए उत्तर से दक्षिण को धाए उत्तर दक्षिण पूरब पश्चिम देख लिया हमने जग सारा अपना घर है …

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झंडा ऊँचा रहे हमारा: श्यामलाल पार्षद उत्प्रेरक झंडा गीत

झंडा ऊँचा रहे हमारा – श्यामलाल पार्षद

4to40.com has become very popular amongst school children and their parents who find on this site poems to recite in class, or for home-work. It is therefore important that poems well entrenched in public memory should be available on this site. This famous poem of desh prem should be of interest to many readers. We often hear it on Doordarshan on …

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छोटा चूहा: पूर्णिमा वर्मन की हास्यप्रध बाल-कविता

छोटा चूहा: पूर्णिमा वर्मन की हास्यप्रध बाल-कविता

चूहा एक स्तनधारी प्राणी है। यह साधारणतः सभी देशों में विशेषकर उष्ण देशों में पाया जाता है। यह कपड़ा, सूटकेश आदि को काटकर बहुत हानि पहुँचाता है। शरीर बालों से आवृत एवं सिर, गर्दन, धड़ तथा पूँछ में विभक्त होता है। ऊपरी एवं निचली ओठ से घिरा रहता है। सिर में एक जोड़ा नेत्र, दो बाह्यकर्ण, धड़ में दो जोड़े पैर …

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गेंद के खेल से जुडी हिंदी बाल-कविता: पूर्णिमा वर्मन

गेंद के खेल से जुडी हिंदी बाल-कविता: पूर्णिमा वर्मन

खेल, कई नियमों एवं रिवाजों द्वारा संचालित होने वाली एक प्रतियोगी गतिविधि है। खेल सामान्य अर्थ में उन गतिविधियों को कहा जाता है, जहाँ प्रतियोगी की शारीरिक क्षमता खेल के परिणाम (जीत या हार) का एकमात्र अथवा प्राथमिक निर्धारक होती है, लेकिन यह शब्द दिमागी खेल (कुछ कार्ड खेलों और बोर्ड खेलों का सामान्य नाम, जिनमें भाग्य का तत्व बहुत …

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हरिवंश राय बच्चन वीर रस देश प्रेम कविता: रुके न तू

हरिवंश राय बच्चन वीर रस देश प्रेम कविता: रुके न तू

Here is an exhortation from Harivansh Rai Bachchan to leave inaction and to work with full enthusiasm and vigor. A good poem for children to recite. धरा हिला, गगन गुँजा नदी बहा, पवन चला विजय तेरी, विजय तेरीे ज्योति सी जल, जला भुजा–भुजा, फड़क–फड़क रक्त में धड़क–धड़क धनुष उठा, प्रहार कर तू सबसे पहला वार कर अग्नि सी धधक–धधक हिरन …

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Sanskrit Poem on Importance of Yoga योगस्य महत्त्वम्

Sanskrit Poem on Importance of Yoga योगस्य महत्त्वम्

योगस्य महत्त्वम् योगः भारतस्य आधारः अस्ति। योगं विना वयं स्वस्थः सानन्दः च भवितुम नशक्नुमः। सर्वप्रथम महर्षि पतञ्जलिः योगसुक्तम् प्रतिपादितम। अस्मिन् ग्रन्थे अष्टांग-योगस्य वर्णनम् अस्ति। सम्प्रति महानगरे प्रदूषणस्य समस्या अस्ति। ध्वनि, वायुः एवम् जलप्रदूषण: महानगरस्य जीवनस्य विकटसमस्या अस्ति। एकल परिवारः महानगरस्य यथार्थ: एतेन कारणेन जनाः रुग्नाः भविन्त। समयाभावेन जनेषु परस्परम् प्रेमः स्नेहः च न अस्ति। वयम् सर्वे तनावग्रस्ताः भवामः। अतएववयम् नूनं योगः करणीय:। प्रतिदिनम् प्रातः सायं योगम् पूजनीयम्। केवलम् योगेन वयम् स्वस्थः …

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Mahatma Gandhi: Poem on Father of The Nation

Mahatma Gandhi - Father of The Nation

Mahatma Gandhi (October 2, 1869 to January 30, 1948) was the leader of India’s non-violent independence movement against British rule and in South Africa who advocated for the civil rights of Indians. Born in Porbandar, India, Gandhi studied law and organized boycotts against British institutions in peaceful forms of civil disobedience. He was killed by a fanatic in 1948. Young …

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