Tag Archives: Fortune Stories for Children

दो बैलों की कथा: मुंशी प्रेमचंद की लोकप्रिय कहानी

Munshi Premchand Classic Hindi Story दो बैलों की कथा

कथाकार मुंशी प्रेमचंद भारत के ही नहीं, दुनियाभर में विख्यात हुए और ‘कथा सम्राट‘ कहलाए। प्रेमचंद की जयंती 31 जुलाई को बड़े ही उत्‍साह से मनाई जाती  है। इस खास मौके पर उनकी कहानी ‘दो बैलों की कथा‘ पढ़कर अपनी यादें ताजा कर लीजिए… दो बैलों की कथा [1]: हीरा और मोती जानवरों में गधा सबसे ज्यादा बुद्धिमान समझा जाता …

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डॉक्टर की लिखाई पर हास्य कहानी

Doctor's handwriting

डॉक्टर ने साफ़ हैंडराइटिंग में दवा लिखी; मेडिकल काउंसिल ने एमबीबीएस की डिग्री वापस ली मेरठ शहर के एक नामी-गिरामी अस्पताल के डाक्टर को आज एक मरीज के परिजनों ने पीट-पीटकर अधमरा कर दिया। डॉक्टर का कसूर सिर्फ़ इतना था कि उसने दवाई का पर्चा बहुत साफ़ हैंडराइटिंग में लिखा था। हुआ यूं कि शास्त्री नगर में रहने वाली सोमवती …

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प्रतिशोध: नारी उत्पीड़न की कहानी – मंजरी शुक्ला

प्रतिशोध - नारी उत्पीड़न की कहानी

दूर से आती आवाज़ को कभी गौर से सुनना नहीं पड़ा और जो सामने था उसकी स्पष्ट आवाज़ कभी कानों में आई नहीं। क्या, क्यों और कैसे शब्दों का कोई अर्थ नहीं रह गया था। किसी शान्त नदी के किनारे या उफ़नते समुद्र के ज्वर भाटे उसे एक सा ही सुकून देते थे। उसे खुद भी नहीं पता होता कि …

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नई सुबह: साक्षरता प्रेरक प्रेरणादायक बाल कहानी

नई सुबह: साक्षरता प्रेरक प्रेरणादायक बाल कहानी

“काँच के अंदर झाँकने से किताब पढ़ने को नहीं मिल जाएगा” चाय की गुमटी से बापू गुस्से से चीखे जो लाइब्रेरी के पास ही बनी हुई थी। छोटू पर इस बात का कोई असर नहीं हुआ। वह चेहरे से बारिश की बूँदें पोंछता हुआ शीशे के अंदर देखता रहा। अंदर का दृश्य उसके लिए किसी स्वप्न लोक से कम नहीं …

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सौदा: लालची बाप के बिकाऊ बेटे की हास्य कहानी

सौदा: लालची बाप के बिकाऊ बेटे की हास्य कहानी

मेरे पिताजी से ज्यादा दरियादिल और महान इंसान मैंने आज तक नहीं देखा। दरियादिल इसलिए क्योंकि उनके दिल में कंजूसी और कृपणता दोनों का दरिया पूरे वेग के साथ बहता है और महान इसलिए क्योंकि वह कंजूसी के साम्राज्य के वो महान सम्राट है जिनकी टक्कर में कोई खड़ा ही नहीं हो सकता। घर हो या बाहर, वो जहाँ भी …

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भारत की लोकप्रिय लोक कथाएं: जादुई ढोल – आराधना झा

पश्चिम भारत के एक छोटे-से राज्य में, धर्मराज नामक एक बुद्धिमान और न्यायप्रिय राजा रहता था। उसकी प्रजा के मन में उसके लिए बहुत श्रद्धा और आदर था। राजा धर्मराज बहुत लम्बा, ऊंचा और रूपवान था। उसके सिर के बाल काले और घने थे जिन्हे उसका ख़ास कोई भोलू ही काटता था। भोलू यह काम कई वर्षों से कर रहा …

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धैर्य व सब्र पर प्रेरणादायक कहानी: धन जरना

Grandfather

किसी गांव में एक बुजुर्ग किसान हाथ में माला लिए प्रभु का सिमरन करता रहता था। बेटे-बहुएं, पोते-पोतियां घर में आते-जाते उसको माला पकड़े देखते और समझने की कोशिश करते कि पिता जी जो बोलते हैं वह सुनाई देता है पर समझ नहीं आता। वह किसान माला जपते-जपते “धन जरना, धन जरना” का शब्द उच्चारण करता। बेटे-बहुएं तो आदि हो …

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शिक्षाप्रद हिंदी बाल-कहानी: बुद्धिमान बंजारा

Munshi Premchand Classic Hindi Story दो बैलों की कथा

एक बंजारा था। वह बैलों पर मेट (मुल्तानी मिट्टी) लादकर दिल्ली की तरफ आ रहा था। रास्ते में कई गांवों से गुजरते समय उसकी बहुत-सी मेट बिक गई। बैलों की पीठ पर लदे बोरे आधे तो खाली हो गए और आधे भरे रह गए। अब वे बैलों की पीठ पर टिके कैसे? क्योंकि भार एक तरफ हो गया। नौकरों ने …

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रबीन्द्रनाथ टैगोर की श्रेष्ठ कहानियों में से एक: गूंगी

रबीन्द्रनाथ टैगोर की श्रेष्ठ कहानियों में से एक: गूंगी

टैगोर के १५० वें जन्मदिन के अवसर पर उनके कार्यों का एक (कालनुक्रोमिक रबीन्द्र रचनाबली) नामक एक संकलन वर्तमान में बंगाली कालानुक्रमिक क्रम में प्रकाशित किया गया है। इसमें प्रत्येक कार्य के सभी संस्करण शामिल हैं और लगभग अस्सी संस्करण है। २०११ में, हार्वर्ड यूनिवर्सिटी प्रेस ने विश्व-भारती विश्वविद्यालय के साथ अंग्रेजी में उपलब्ध टैगोर के कार्यों की सबसे बड़ी …

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रबीन्द्रनाथ टैगोर की श्रेष्ठ कहानियों में से एक: अनमोल भेंट

रबीन्द्रनाथ टैगोर की श्रेष्ठ कहानियों में से एक: अनमोल भेंट

रबीन्द्रनाथ टैगोर ज्यादातर अपनी पद्य कविताओं के लिए जाने जाते है, टैगोर ने अपने जीवनकाल में कई उपन्यास, निबंध, लघु कथाएँ, यात्रावृन्त, नाटक और हजारों गाने भी लिखे हैं। टैगोर की गद्य में लिखी उनकी छोटी कहानियों को शायद सबसे अधिक लोकप्रिय माना जाता है; इस प्रकार इन्हें वास्तव में बंगाली भाषा के संस्करण की उत्पत्ति का श्रेय दिया जाता …

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