Poems For Kids

Poetry for children: Our large assortment of poems for children include evergreen classics as well as new poems on a variety of themes. You will find original juvenile poetry about trees, animals, parties, school, friendship and many more subjects. We have short poems, long poems, funny poems, inspirational poems, poems about environment, poems you can recite

शाकाहार: सौरभ जैन सुमन की शाकाहारी जीवन पर कविता

हमारी भारतीय संस्कृति में हमेशा से ही शाकाहार की ओर जोर दिया गया है, लेकिन वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के कई अध्ययनों के बाद शाकाहार का डंका अब विश्व भर में बजने लगा है। शरीर पर शाकाहार के सकारात्मक परिणामों को देखते हुए दुनिया भर में लोगों ने अब माँसाहार से किनारा करना शुरू कर दिया है। आज इसीलिये पूरे विश्वभर …

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जब दीप जले आना: रविन्द्र जैन का लोकप्रिय फ़िल्मी गीत

जब दीप जले आना: रविन्द्र जैन का लोकप्रिय फ़िल्मी गीत

जब दीप जले आना गीत चितचोर 1976 में बनी हिन्दी भाषा की रूमानी फिल्म से है। यह बासु चटर्जी द्वारा लिखित और निर्देशित है। फिल्म ताराचंद बड़जात्या द्वारा निर्मित एक राजश्री प्रोडक्शन्स फिल्म है। यह सुबोध घोष की एक बंगाली कहानी, चित्ताचोर पर आधारित है। के॰ जे॰ येशुदास और मास्टर राजू ने इस फिल्म के लिये 1976 का राष्ट्रीय फिल्म …

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मंगल भवन अमंगल हारी: रविंदर जैन का भक्ति गीत

Jaspal Singh Devotional Bhajan from Geet Gaata Chal राम सिया राम

Geet Gaata Chal is a Hindi film released in 1975. Produced by Tarachand Barjatya for Rajshri Productions, the film is directed by Hiren Nag. The film stars Sachin, Sarika, Madan Puri, Padma Khanna and Leela Mishra. The songs written and composed by Ravindra Jain. The movie is a remake of 1965 Bengali movie Atithi. मंगल भवन अमंगल हारी: जसपाल सिंह …

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Independence Day of India (An Acrostic): Dr John Celes

Independence Day of India

Independence Day of India: Indian nationalism developed as a concept during the Indian independence movement which campaigned for independence from British rule. Indian nationalism is an instance of territorial nationalism, which is inclusive of all of the people of India, despite their diverse ethnic, linguistic and religious backgrounds. It continues to strongly influence the politics of India and reflects an …

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नवकार मंत्र: Most significant mantra in Jainism

नवकार मंत्र: Most significant mantra in Jainism

नवकार मंत्र: Navakar Mantra The Ṇamōkāra Mantra (णमोकार मन्त्र), also variously referred to as the Navakar Mantra (नवकार मन्त्र), Namaskār Mantra (नमस्कार मन्त्र) or the Pancha Parameshti Namaskār, is the most significant mantra in Jainism. Jain Prakrit णमो अरिहंताणं णमो सिद्धाणं णमो आयरियाणं णमो उवज्झायाणं णमो लोए सव्व साहूणं एसोपंचणमोक्कारो, सव्वपावप्पणासणो मंगला णं च सव्वेसिं, पडमम हवई मंगलं Transliterated to …

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डस्टबिन: एक नारी की पीड़ा पर हिंदी कविता

डस्टबिन: एक नारी की पीड़ा पर हिंदी कविता

वैसे तो प्राचीन काल से ही दुनिया भर में महिलाओ को पुरुषों की अपेक्षा निम्न स्थान दिया जाता रहा है, परन्तु शिक्षा और ओद्योगिक विकास के साथ साथ विकसित देशो में महिलाओ के प्रति सोच में परिवर्तन आया और नारी समाज को पुरुष के बराबर मान सम्मान और न्याय प्राप्त होने लगा। उन्हें पूरी स्वतंत्रता, स्वच्छंदता, सुरक्षा एवं बराबरी के …

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बहारें आएँगी, होंठों पे फूल खिलेंगे: गोपाल सिंह नेपाली

Gopal Singh Nepali Spring Season Hindi Film Song बहारें आएँगी, होंठों पे फूल खिलेंगे

गोपाल सिंह नेपाली (1911 – 1963) हिन्दी एवं नेपाली के प्रसिद्ध कवि थे। उन्होने बम्बइया हिन्दी फिल्मों के लिये गाने भी लिखे। वे एक पत्रकार भी थे जिन्होने “रतलाम टाइम्स”, चित्रपट, सुधा, एवं योगी नामक चार पत्रिकाओं का सम्पादन भी किया। सन् १९६२ के चीनी आक्रमन के समय उन्होने कई देशभक्तिपूर्ण गीत एवं कविताएं लिखीं जिनमें ‘सावन’, ‘कल्पना’, ‘नीलिमा’, ‘नवीन …

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जलियाँवाला बाग में बसंत: सुभद्रा कुमारी चौहान कविता

जलियाँवाला बाग में बसंत - सुभद्रा कुमारी चौहान

Jallianwala Bagh (जलियाँवाला बाग) is a public garden in Amritsar, and houses a memorial of national importance, established in 1951 by the Government of India, to commemorate the massacre of peaceful celebrators including unarmed women and children by British occupying forces, on the occasion of the Punjabi New Year (Baisakhi) on 13 April 1919 in the Jallianwala Bagh Massacre. Colonial …

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ईद के त्यौहार पर हिंदी कविता

Hindi Poem on Islam Festival of Eid ईद

ईद के त्यौहार पर हिंदी कविता आसमां में गुफ्तगू है चल रही, चाँद की आये खबर तो ईद हुई अम्मी बनातीं थीं सिंवईयाँ दूध में, स्वाद वह याद आया लो ईद हुई नमाज हो मन से अदा, जकात भी दिल से बँटे, मजहब महज किताब नहीं पूरे हुये रमजान के रोजों के दिन, सौगात जो खुदा की, वो ईद हुई …

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उदास सांझ: कठोर कठिन थके हुए जीवन पर कविता

उदास सांझ: कठोर कठिन थके हुए जीवन पर कविता

As the sun sets and darkness prepares to engulf the world, a strange depression some times sets in our thoughts. In this lovely poem Maitreyee Ji has drawn a shabda chitra of this sense of restlessness. उदास सांझ: मैत्रेयी अनुरूपा दिनभर तपा धूप में थक कर‚ हो निढाल ये बूढ़ा सूरज‚ बैठ अधमरे घोड़ों पर – जो डगमग गिर गिर …

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